आजमगढ़ में पीईटी परीक्षा को लेकर डीएम रविंद्र कुमार और एसएसपी डॉ. अनिल कुमार अलर्ट,परीक्षार्थियों की सुविधाओं के लिए संभाली कमान
बस स्टेशन पहुंचकर परीक्षार्थियों से किया संवाद, रैन बसेरे से लेकर सुरक्षित यात्रा और स्वच्छ भोजन तक की व्यवस्थाओं का लिया जायजा

पीईटी परीक्षा की तैयारियों को लेकर डीएम रविंद्र कुमार और एसएसपी डॉ. अनिल कुमार ने संभाली कमान, परीक्षार्थियों को हर सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश
बस स्टेशन पहुंचकर परीक्षार्थियों से किया संवाद, रैन बसेरे से लेकर सुरक्षित यात्रा और स्वच्छ भोजन तक की व्यवस्थाओं का लिया जायजा
आजमगढ़, 24 अक्टूबर:प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (पीईटी)-2026 को निष्पक्ष, नकलविहीन एवं सकुशल संपन्न कराने के लिए जिलाधिकारी रविंद्र कुमार और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार पूरी गंभीरता के साथ तैयारियों की निगरानी कर रहे हैं। परीक्षार्थियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए जिला प्रशासन द्वारा ठहरने, खाने, परिवहन, चिकित्सा और परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने जैसी आवश्यक सुविधाओं को सुनिश्चित करने के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं.इसी क्रम में जिलाधिकारी रविंद्र कुमार एवं एसएसपी डॉ. अनिल कुमार ने देर शाम रोडवेज बस स्टेशन पहुंचकर दूसरे जनपदों से आए परीक्षार्थियों से सीधे संवाद किया और उनकी समस्याओं एवं सुविधाओं के संबंध में जानकारी ली। दोनों अधिकारियों ने बस स्टेशन स्थित रैन बसेरे को सक्रिय कर वहां ठहरने सहित सभी आवश्यक आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। अधिकारियों की इस पहल का उद्देश्य दूर-दराज से परीक्षा देने पहुंचे अभ्यर्थियों को सुरक्षित एवं सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराना है।
जिलाधिकारी रविंद्र कुमार ने परिवहन व्यवस्था को लेकर टैक्सी संचालकों एवं निजी बस एसोसिएशन के पदाधिकारियों से संवाद कर परीक्षार्थियों से निर्धारित किराया ही लेने और सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही खाद्य सुरक्षा विभाग को निर्देशित किया गया है कि खाद्य पदार्थों की दुकानों पर परीक्षार्थियों को ताजा एवं स्वच्छ भोजन उपलब्ध कराया जाए तथा किसी भी प्रकार की ओवररेटिंग न होने पाए। प्रशासन की ओर से इन व्यवस्थाओं पर विशेष निगरानी रखी जा रही है, ताकि परीक्षा देने आए अभ्यर्थियों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए रेलवे स्टेशन एवं रोडवेज बस स्टेशन पर होर्डिंग लगवाई गई हैं, जिन पर परीक्षा केंद्रों की दूरी, लोकेशन और अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां अंकित हैं। इससे दूसरे जनपदों से आने वाले अभ्यर्थियों को अपने परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में आसानी होगी। इसके अतिरिक्त सभी परीक्षा केंद्रों पर एंबुलेंस एवं चिकित्सा सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा परीक्षा अवधि में निर्बाध विद्युत आपूर्ति बनाए रखने के लिए संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं।जिलाधिकारी के निर्देशन में जनपद के 30 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित होने वाली पीईटी-2026 की लिखित परीक्षा के लिए तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग, लखनऊ द्वारा यह परीक्षा 25 एवं 30 अक्टूबर तथा 1 नवंबर 2026 को दो पालियों में आयोजित की जाएगी। पहली पाली पूर्वाह्न 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक तथा दूसरी पाली अपराह्न 3 बजे से शाम 5 बजे तक निर्धारित है। परीक्षा में कुल 13,344 अभ्यर्थियों के शामिल होने की संभावना है।परीक्षा केंद्रों पर बिजली, साफ-सफाई, शौचालय, पेयजल और अन्य आवश्यक सुविधाओं को समय से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रत्येक परीक्षा कक्ष में दीवार घड़ी लगाने और उसका समय सही रखने पर भी जोर दिया गया है। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा से संबंधित व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखना केंद्र व्यवस्थापकों की जिम्मेदारी होगी।कानून-व्यवस्था के दृष्टिगत जनपद में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा पहले से प्रभावी है। इसके तहत परीक्षा केंद्रों के 200 मीटर के दायरे में अनधिकृत व्यक्तियों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। परीक्षा तिथियों पर निर्धारित दायरे में फोटोस्टेट एवं कॉपीयर की दुकानें बंद रखने, परीक्षा केंद्रों में मोबाइल फोन, पेजर और अन्य प्रतिबंधित इलेक्ट्रॉनिक उपकरण नहीं ले जाने तथा नियमों के अनुसार अन्य प्रतिबंधों का पालन कराने के निर्देश दिए गए हैं।जिलाधिकारी रविंद्र कुमार एवं एसएसपी डॉ. अनिल कुमार ने संबंधित अधिकारियों को परीक्षा के दौरान सतर्कता बनाए रखने और आवश्यक व्यवस्थाओं की नियमित निगरानी करने के निर्देश दिए हैं। उप जिलाधिकारी सदर, सगड़ी, निजामाबाद एवं बूढ़नपुर को अपने-अपने क्षेत्रों में परीक्षा केंद्रों का भ्रमण करने, औचक निरीक्षण करने और शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कहा गया है।परीक्षार्थियों के हितों को प्राथमिकता देते हुए जिला प्रशासन द्वारा की गई इन तैयारियों का उद्देश्य परीक्षा को पारदर्शी, व्यवस्थित, नकलविहीन एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराना है। जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की संयुक्त निगरानी से परीक्षा व्यवस्था में समन्वय बनाए रखने तथा अभ्यर्थियों को सुरक्षित एवं सुविधाजनक माहौल उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।



