महाराष्ट्र : एनसीपी नेता की हत्या पर कांग्रेस की मांग, इस्तीफा दें उपमुख्यमंत्री
Maharashtra: Congress demands resignation of Deputy Chief Minister on the murder of NCP leader

मुंबई: मुंबई उत्तर-मध्य लोकसभा सीट से सांसद एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता प्रो. वर्षा एकनाथ गायकवाड़ ने रविवार को वीडियो जारी करके महाराष्ट्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या को लेकर प्रदेश की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाया और उपमुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग की।
कांग्रेस सांसद वर्षा एकनाथ गायकवाड़ ने कहा कि शनिवार को बहुत ही दर्दनाक घटना हुई। एनसीपी नेता बाबा सिद्दीकी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। वो हमारे परिवार के बहुत करीब थे, पहले सिद्दीकी कांग्रेस में थे और बाद में एनसीपी में शामिल हो गए। उनकी हत्या ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। महाराष्ट्र की सरकार से हम पूछना चाहते हैं जिस तरीके से 15 दिन में यह दूसरी घटना है, जिसमें गोलीबारी के चलते किसी की मौत हुई है। वहीं, साल भर में यह चौथी-पांचवी घटना है, जिसमें गोलीबारी हुई है। ऐसे में प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति क्या है?
उन्होंने आगे कहा कि आज महिलाएं ना तो रेलवे स्टेशन पर सुरक्षित हैं और ना ही बच्चियां स्कूल में। रास्ते में चल रहे लोगों के साथ हिट एंड रन केस हो रहे हैं। आज सत्ता पक्ष के लोग पुलिस को डराने का काम करते हैं और उनको तबादले की धमकी देते हैं।
वर्षा एकनाथ गायकवाड़ ने आगे कहा कि जिस व्यक्ति को वाई प्लस सिक्योरिटी दी जाती है, उसे मुंबई जैसे शहर में बीच सड़क पर गोली मारी जाती है। कहीं ना कहीं सवाल उठता है कि अगर सत्ताधारी पक्ष के लोग सुरक्षित नहीं तो विपक्ष और आम आदमी की सुरक्षा की क्या गारंटी है?
कांग्रेस नेता ने आगे कहा कि नैतिकता के आधार पर उपमुख्यमंत्री को खुद इस्तीफा देना चाहिए, अगर वो नहीं देते हैं तो मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्रियों से उनको इस्तीफा ले लेना चाहिए।
इससे पहले कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने पूर्व कांग्रेस नेता रहे बाबा सिद्दीकी के निधन पर शोक जताया था। उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा, “महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री बाबा सिद्दीकी का दुखद निधन शब्दों से परे सदमा पहुंचाने वाला है। इस दुख की घड़ी में मैं उनके परिवार, मित्रों और समर्थकों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। न्याय सुनिश्चित किया जाना चाहिए और वर्तमान महाराष्ट्र सरकार को गहन और पारदर्शी जांच का आदेश देना चाहिए। दोषियों को जल्द से जल्द सजा मिलनी चाहिए। जवाबदेही सर्वोपरि है।


