कोर्ट ने दो गैंगेस्टरों को सुनाई तीन-तीन वर्ष की सजा, लगाया अर्थदंड

गाजीपुर। विशेष न्यायाधीश एससी एसटी एक्ट पीएफ एक्ट एवं विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट अलख कुमार की अदालत ने दिलदारनगर थाना क्षेत्र के दो गैंगस्टर के मामले में अभियुक्त को तीन-तीन वर्ष के कारावास और 3 -3 हजार रुपये अर्थ दण्ड की सजा सुनाई है। अभियोजन के अनुसार दिलदारनगर थाना क्षेत्र प्रभारी राम निहोर मिश्र ने 19 जनवरी 2009 को तारीफ देकर थाना में रिपोर्ट दर्ज कराया की गैंग लीडर नजमु उर्फ नजमुद्दीन निवासी दिलदारनगर का एक संगठित आपराधिक गिरोह है जिसका गैंग लीडर नजमुद्दीन है गैंग के अन्य सदस्य गजिउद्दीन खान उर्फ लड्डन है गिरोह के सदस्य अपने एवं अपने गैंग के सदस्यों के आर्थिक व भौतिक लाभ हेतु थाना क्षेत्र में अपराधों को करने के अभ्यस्त अपराधी हैं इनके भय एवं आतंक से कोई गवाही करने का साहस नहीं जुटा पाता और ना मुकदमा लिखवा ने की हिम्मत करता है किनके विरुद्ध 5 मुकदमे पंजीकृत हैं उनकी गतिविधियों पर एवं क्रियाकलाप पर अंकुश लगाने के लिए मुकदमा पंजीकृत कर कार्यवाही किया जाए तहरीर के आधार पर गैंगस्टर अधिनियम के अंतर्गत मुकदमा पंजीकृत किया गया और आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया गया विचारण के दौरान विचारण अभियोजन की तरफ से सहायक शासकीय अधिवक्ता अखिलेश सिंह की ओर से तीन गवाह पेश किए गए। वही दिलदारनगर थाने में 11 जून 2002 को भी नज्मू उर्फ नजमुद्दीन के विरुद्ध गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा पंजीकृत कराया गया था इस मामले में एक गवाह अभियोजन की ओर से पेश किया गया दोनों मामलों में अभियोजन और बचाव पक्ष की बहस शनिवार को सुनने के पश्चात अदालत में अभियुक्त को उपरोक्त सजा सुनाई है।



