आजमगढ़:समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित विद्यालयों में फर्जी अनुमोदन पर नौकरी करने वाले अध्यापकों के मामलों में समाज कल्याण विभाग के सुपरवाइजर को किया गया निलंबित

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रिपोर्ट:राहुल पांडे

गंभीरपुर/आजमगढ़:समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित विद्यालयों में फर्जी अनुमोदन पर नौकरी करने वाले अध्पापकों के मामले में अब निदेशक ने विभाग के सुपरवाइजर को निलंबित कर सुपरवाइजर को उपनिदेशक समाज कल्याण गोरखपुर के कार्यालय से संबद्ध किया गया है।जिले में समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित विद्यालयों में तैनात 17 अध्यापकों का अनुमोदन फर्जी पाया गया था। इस मामले में निदेशक समाज कल्याण के आदेश पर इन सभी शिक्षकों के साथ ही छह प्रबंधकों पर भी मुकदमा दर्ज कराया गया है। इस खबर को अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया था। खबर के प्रकाशन के बाद ही जहां इन शिक्षकों व प्रबंधकों पर मुकदमा दर्ज कराया गया, वहीं अब विभाग में तैनात सुपरवाइजर सुनील कुमार राय को भी निदेशक ने निलंबित कर दिया है। सुनील कुमार राय पर आरोप है कि उनके द्वारा जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी का कूटरचित हस्ताक्षर बनाकर फर्जी अभिलेखों के आधार पर शासन से नियुक्ति का अनुमोदन प्राप्त कर इन अध्यापकों को अनियमित भुगतान कर शासकीय धन का गबन और दुरुपयोग किया गया है। इन आरोपों के आधार पर निदेशक समाज कल्याण ने इनको निलंबित करते हुए उप निदेशक समाज कल्याण कार्यालय गोरखपुर से संबद्ध कर दिया है। साथ ही इनके विरुद्ध की गई अनुशासनात्मक कार्रवाई की जांच के लिए उपनिदेशक समाज कल्याण गोरखपुर को जांच अधिकारी नामित किया है।

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