आजमगढ़:सरकारी रास्ते को बनाने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने किया विरोध प्रदर्शन

रिपोर्ट: सुमित उपाध्याय
अहरौला/आजमगढ़:सरकारी रास्ते को बनाने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने किया विरोध प्रदर्शन,सरकारी रास्ते को नहीं बनाने दे रहे दबंग नायब तहसीलदार की मौजूदगी में तीन बार सीमांकन हुआ,अहरौला मंगलवार को मिश्रौलिया गांव में बन रहे सरकारी रास्ते को गांव के ही एक व्यक्ति द्वारा अपने पावर का इस्तेमाल करते हुए रोका गया है जिसे बनाने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। बताते चलें मिश्रौलिया गांव में लगभग 100 मीटर की इंटरलॉकिंग लगाई जा रही है गांव के तीन सौ से अधिक आबादी को मुख्य मार्ग से जोड़ता है यही ग्रामीणों के निकलने का मुख्य रास्ता है ग्राम प्रधान पति रवीश पांडेय के द्वारा इंटरलॉकिंग बनवाया जा रहा है ग्रामीणों का आरोप है कि गांव के ही एक व्यक्ति जो सचिवालय से सेवानिवृत हो चुके हैं उनके द्वारा अनावश्यक रूप से मार्ग को रोका जा रहा है ग्रामीणों ने एसडीएम फूलपुर से मामले की शिकायत की थी और रास्ते को बनाने की मांग की थी जिस पर तीन बार जमीन की पैमाइश राजस्व टीम के द्वारा कराई गई और सीमांकन भी कर दिया गया। तीन दिन पहले राजस्व टीम के साथ नायब तहसीलदार भी पहुंच कर अपने सामने सीमांकन कराया फिर भी और चकरोड को सरकारी जमीन पर ही बनाने की आख्या तहसील प्रशासन को भेजी गई अपने पावर का इस्तेमाल करते हुए उक्त व्यक्ति द्वारा लोगों पर दबाव बनाया जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि रास्ते को लेकर एसडीएम फूलपुर के आदेश पर नायब तहसीलदार की मौजूदगी में तीन बार पैमाइश हो चुकी और सीमांकन भी हो चुका है जबकि बनाए जा रहे इंटरलॉकिंग से उनके जमीन का कोई संबंध नहीं है फिर भी वह अपने पावर और पहुंच के बल पर राजस्व कर्मियों पर भी दबाव बनाए हुए हैं और रास्ते पर अवरोध उत्पन्न किया गया है जिससे मामला कई दिनों से अवरूद्ध है सरकारी जमीन में ही बनने का बात राजस्व टीम ने एसडीएम को दे चुके हैं लेकिन फिर भी वह रास्ते का निर्माण नहीं होने दे रहे हैं जिसे बनाने की मांग को लेकर ग्रामीणों में जमकर विरोध प्रदर्शन किया कहां की राजस्व के लोग भी सब कुछ सही होने के बाद भी मौन है। इस मौके पर प्रेम नारायण मिश्रा, उमाकांत मिश्रा, रामजी मिश्रा, अरविंद, दिवाकर शुक्ला, हीरा मिश्रा, दुर्गेश मिश्रा, रमा देवी, मालती शर्मा, आदि लोग मौजूद रहे।।



