माइक्रो फाइनेंस कंपनी से धोखाधड़ी कर ले भागे 14.50 लाख, तीन कर्मचारियों पर प्रबंधक ने दर्ज कराया मुकदमा

रिपोर्ट अजीत कुमार सिंह बिट्टू जी ब्यूरो चीफ हिंद एकता टाइम्स
बांसडीह (बलिया)। स्थानीय कोतवाली क्षेत्र में एक माइक्रो फाइनेंस कंपनी से धोखाधड़ी कर साढ़े चौदह लाख रुपये के गबन के मामले में पुलिस ने बैंक के शाखा प्रबंधक की तहरीर पर तीन कर्मचारियों के खिलाफ गबन व अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
वादी मोहन श्रीवास्तव ने पुलिस को तहरीर देकर बताया है कि उनकी कंपनी भारत फाइनेंशियल इंक्लूजन लिमिटेड इंडसइंड बैंक की सौ प्रतिशत सब्सिडियरी है। वर्तमान में वे बांसडीह में उक्त कंपनी के शाखा प्रबंधक के पद पर तैनात हैं।
कंपनी का प्रमुख कार्य ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र में महिलाओं का समूह बनाकर स्वरोजगार के लिये बैंक खातों के माध्यम से ऋण प्रदान करना है। जिसे ब्याजदर के साथ साप्ताहिक किश्त द्वारा लिया जाता है।
कंपनी के फील्ड असिस्टेंट अनंजय कुमार निवासी कटारिया थाना दाउदनगर जनपद औरंगाबाद, फील्ड असिस्टेंट राजकुमार विश्वकर्मा निवासी तरारी थाना बरखुआ जनपद औरंगाबाद बिहार व एक अन्य फील्ड असिस्टेंट रोहित यादव निवासी चांदनीपुर कोतवाली बलिया कंपनी की बांसडीह शाखा में तैनात थे।
इनके द्वारा साप्ताहिक वसूली के दौरान अनंजय सिंह द्वारा 21 महिला सदस्यों से 578249 रुपये , राजकुमार द्वारा 39 महिला सदस्यों से 781293 रुपये व रोहित यादव द्वारा 10 महिला सदस्यों से 86826 रुपये की रकम वसूल कर अपने पास रख ली गयी है। इस संबंध में जानकारी होने पर जब उनसे इस बारे में पूछताछ की गयी तो उनका कहना था कि उन्हें पैसों की जरूरत थी।
इसलिए वे रुपये लेकर उनके द्वारा अपने निजी काम के लिए घर पर रखा है। इसके बाद उनके द्वारा घर से पैसे लाकर देने की बात कहकर वे चल दिये। मामले में कई दिनों तक वापस न लौटने पर शाखा प्रबंधक द्वारा उनके घर जाने पर उन्हें धमकी देकर वहां से भगा दिया गया। मामले में शाखा प्रबंधक की तहरीर पर पुलिस ने तीनों कर्मियों समेत उनके अज्ञात घरवालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
इस संबंध में प्रभारी निरीक्षक स्वतंत्र कुमार सिंह ने बताया कि शाखा प्रबंधक की तहरीर पर अभियोग पंजीकृत कर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।



