Jabalpur news:तीन साल से फरार डेढ़ लाख का इनामी अपराधी अमित खम्परिया महाराष्ट्र से गिरफ्तार
Amit Khamparia, a criminal with a reward of Rs 1.5 lakh on his head, was arrested from Maharashtra after three years.

लोकेशन जबलपुर मध्यप्रदेश
जबलपुर पुलिस की बड़ी सफलता, लंबे समय से चल रही तलाश
एंकर जबलपुर पुलिस को एक बड़ी सफलता हासिल हुए है। जबलपुर में लगभग तीन वर्षों से फरार चल रहा डेढ़ लाख रुपये का इनामी और शातिर अपराधी अमित खम्परिया आखिरकार पुलिस की पकड़ में आ गया। आरोपित को महाराष्ट्र के नागपुर से गिरफ्तार किया गया है, जहाँ वह लगातार ठिकाने बदलकर पुलिस से बचने की कोशिश कर रहा था। लंबे समय से उसकी तलाश में लगी विशेष टीम को यह सफलता कई महीनों की मेहनत और सुरागों के विश्लेषण के बाद मिली हैजानकारी के अनुसार अमित खम्परिया पर गंभीर अपराधों के कई प्रकरण दर्ज हैं। अमित खम्परिया के ऊपर धमकी, अवैध वसूली सहित कई मामलों में वह मुख्य आरोपी था। फरार होने के बाद वह लगातार अपनी लोकेशन बदलता रहा, जिससे पुलिस को उसके ठिकाने तक पहुँचना चुनौतीपूर्ण हो गया था। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने निगरानी, मुखबिर तंत्र और कई राज्यों में समन्वय स्थापित कर विशेष रणनीति अपनाई। इन सबके बावजूद आरोपी चतुराई से बच निकलता रहा, जिसके चलते उसकी इनामी राशि बढ़ाकर 1.50 लाख रुपये कर दी गई थी। अब उसकी गिरफ्तारी से न केवल पुलिस को राहत मिली है, बल्कि कई मामलों की जांच को भी गति मिलने की उम्मीद है। पुलिस के अनुसार अमित खपरिया महाराष्ट्र के विभिन्न शहरों में फर्जी नाम और पहचान से रह रहा था। कभी किराए के मकान में, तो कभी परिचितों के यहाँ ठहरकर वह पुलिस की आँखों में धूल झोंकता रहा। लेकिन जब पुलिस को उसके मोबाइल उपयोग और लोकेशन से जुड़े अहम सुराग मिले, तब टीम ने महाराष्ट्र में दबिश दी और उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया जाएगा जहां रिमांड लेकर उससे अन्य मामलों में भी पूछताछ की जाएगी। एडिशनल एसपी जितेन सिंह ने बताया कि अमित खपरिया की गिरफ्तारी से आपराधिक गतिविधियों पर बड़ी चोट पड़ी है और इससे जिले में अपराध नियंत्रण को लेकर पुलिस की सख्ती भी स्पष्ट होती है। पुलिस का मानना है कि खम्परिया कई संगठित अपराधों में शामिल था और उसके गिरोह की गतिविधियों के बारे में भी पूछताछ में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है। उसके खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी और न्यायालय में प्रकरणों को मजबूत आधार के साथ प्रस्तुत किया जाएगा।
जबलपुर से वाजिद खान की रिपोर्ट



