Azamgarh News: हत्या के बाद बवाल: मृतक की पत्नी ने कहा,रजनीश का बयान गायब, एसपी मौके पर आए

आजमगढ़ बलरामपुर से बबलू राय
आजमगढ़। पुराने जमीन विवाद के चलते शनिवार शाम करीब 6:30 बजे सिकरौड़ा पुलिया के पास बाइक सवार रजनीश पाण्डेय (45) की गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना स्थल पर मौजूद लोगों के अनुसार पांच हमलावरों ने रजनीश को घेरकर फायरिंग की। गोली लगते ही वह सड़क पर गिर पड़े। सूचना मिलते ही 112 पीआरवी मौके पर पहुंची और उन्हें जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।मृतक के पिता राघव पाण्डेय की तहरीर पर कोतवाली पुलिस ने पांच नामजद आरोपियों-नगीना सिंह पुत्र भगवती सिंह, उनके तीन बेटे इन्द्रसेन सिंह, भीमसेन सिंह, उग्रसेन सिंह (सभी निवासी पुरुषोत्तमपुर बनकट, थाना मुबारकपुर) तथा आजम पुत्र अलीम (निवासी दाऊदपुर बागखालीस, थाना जीयनपुर)—के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। बताया गया कि इन सभी से मृतक का वर्षों से जमीन विवाद चल रहा था, जिसका मामला कोर्ट में विचाराधीन है। परिजनों के अनुसार आरोपियों ने पहले भी रजनीश को जान से मारने की धमकी दी थी।एफआईआर के अनुसार, शनिवार शाम रजनीश बिलरियागंज–जुनेदगंज मार्ग पर सिकरौड़ा पुलिया के पास पहुंचे ही थे कि घात लगाए बैठे इन्द्रसेन, भीमसेन, उग्रसेन और आजम ने उन्हें ललकारा, जिसके बाद नगीना सिंह ने तमंचे से गोली चला दी। गंभीर रूप से घायल रजनीश को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उनकी जान नहीं बच सकी। शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिया गया है। पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।उधर, वारदात के अगले दिन मृतक की पत्नी रंजना पाण्डेय, जो जिला महिला अस्पताल में एएनएम के पद पर तैनात हैं, ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए परिजनों के साथ घटनास्थल पर धरने पर बैठ गईं। उनका कहना है कि पुलिस ने उन्हें बताया था कि मौत से पहले रजनीश ने बयान दिया था, लेकिन वह बयान एफआईआर में शामिल नहीं किया गया। उन्होंने मांग की है कि वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक स्वयं मौके पर आकर उनके पति के कथित बयान के बारे में स्पष्ट जानकारी दें।पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और दोषियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।



