Azamgarh News: कोहरे ने छीन ली परिवार की खुशियां, सड़क हादसे में घायल युवक की वाराणसी में इलाज के दौरान मौत, दो मासूमों के सिर से उठा पिता का साया

आजमगढ़ बलरामपुर से बबलू राय

आजमगढ़ जनपद के कंधरापुर थाना अंतर्गत अवंती पहलवानपुर गांव में उस वक्त मातम छा गया, जब यह खबर गांव पहुंची कि सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल विजय कुमार राय अब इस दुनिया में नहीं रहे। इलाज के दौरान जिंदगी और मौत से जूझ रहे विजय कुमार राय ने सोमवार की रात वाराणसी के एक निजी अस्पताल में अंतिम सांस ली।
31 दिसंबर की रात करीब 8:30 बजे विजय कुमार राय उम्र लगभग 52 वर्ष पुत्र स्वर्गीय श्री बांके राय बाइक से अपने घर से आजमगढ़ शहर स्थित आवास की ओर जा रहे थे। नए साल की पूर्व संध्या पर परिवार को क्या पता था कि यह सफर उनकी जिंदगी का आखिरी सफर बन जाएगा। जैसे ही वे आजमपुर बाजार के पास पहुंचे, घने कोहरे और धुंध में सामने से आ रहे किसी अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी।
हादसे के बाद सड़क पर लहूलुहान पड़े विजय कुमार राय को किसी राहगीर ने मानवता दिखाते हुए जिला अस्पताल पहुंचाया। हालत बेहद नाजुक देख चिकित्सकों ने तत्काल हायर सेंटर रेफर कर दिया। सूचना मिलते ही परिजन बदहवास हालत में पहुंचे और उन्हें वाराणसी के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। कई दिनों तक चले इलाज और दुआओं के बावजूद आखिरकार जिंदगी हार गईा और मौत जीत गई।
जैसे ही उनके निधन की सूचना गांव पहुंची, पूरे अवंती पहलवानपुर गांव में सन्नाटा पसर गया। जिस घर में कुछ दिन पहले खुशियों की उम्मीद थी, वहां अब चीत्कार और आंसुओं का सैलाब है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, हर आंख नम और हर दिल भारी है। ग्रामीणों के अनुसार विजय कुमार राय बेहद मिलनसार, सरल स्वभाव और धार्मिक प्रवृत्ति के व्यक्ति थे। रोजी-रोटी के लिए वे इंडोनेशिया में रहकर मेहनत-मजदूरी करते थे और हाल ही में परिवार से मिलने घर आए थे। किसी को अंदेशा नहीं था कि यह मुलाकात आखिरी साबित होगी।
विजय कुमार राय अपने पीछे दो मासूम पुत्र छोड़ गए हैं, जो अभी पढ़ाई कर रहे हैं। पिता की असमय मौत ने बच्चों के भविष्य को अंधेरे में धकेल दिया है। गांव के लोग परिवार को ढांढस बंधाने पहुंच रहे हैं, लेकिन इस अपूरणीय क्षति को कोई शब्द भर नहीं सकता।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button