Azamgarh news:डॉक्टर शिल्पी आनंद महिला व प्रसूति रोग विशेषज्ञ की देखरेख में सीजर विधि से प्रथम स्वस्थ बच्ची ने लिया जन्म
Azamgarh :The first healthy baby girl was born through Caesarean section under the supervision of Dr. Shilpi Anand, gynecologist.

तरवां/परमानपुर।बताते चलें कि तरवां के परमानपुर में स्थित सौ सैया अस्पताल में दिनांक 07.01.2026 दिन बुधवार को स्त्री व प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉक्टर शिल्पी आनंद की देखरेख में सीजर विधि से जन्म लेने वाली प्रथम बच्ची स्वस्थ और पूरी तरह से ठीक है। डॉक्टर के अनुसार बच्ची का वजन भी संतुलित है। परमानपुर के सौ सैया अस्पताल में अभी तक कोई स्त्री व प्रसूति रोग विशेषज्ञ नहीं था जिससे नॉर्मल डिलीवरी तो यहां करा ली जाती थी परंतु सीजर विधि की व्यवस्था यहां नहीं थी। इस अस्पताल में डॉक्टर शिल्पी आनंद के आ जाने से क्षेत्र के लोगों में खुशी का माहौल है क्योंकि डॉक्टर साहिबा के आ जाने से लोगों को अपने घर की महिलाओं को रात के समय किसी न किसी दूर दराज के प्राइवेट अस्पताल में जाना पड़ता था जहां दौड़ भाग के साथ-साथ अधिक पैसे भी खर्च होते थे। परंतु अब ऐसा नहीं होगा। अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉक्टर आर एस मौर्य ने बताया कि मेरी कोशिश हमेशा से रही है कि परमानपुर के सौ सैंया अस्पताल में मरीजों को हर सुविधा उपलब्ध कराई जाए जिससे मरीजों को इधर-उधर परेशान ना होना पड़े। उसी क्रम में खून की जांच,
एक्स-रे,डिजिटल बीपी मशीन, अधिक से अधिक काबिल अच्छे डॉक्टर साथ ही साथ दवाइयां जो मरीजों को बाहर से ना खरीदनी पड़े। मरीज को नाश्ता और भोजन की व्यवस्था भी कर दी गई है। आगे उन्होंने बताया कि
हमारे यहां काबिल डॉक्टर तो हैं ही साथ ही साथ मैं चाहता हूं कि हर रोग के डॉक्टर इस अस्पताल में मरीजों को सेवा दें जिससे इस क्षेत्र के लोगों को दिन हो या रात के समय इधर-उधर भटकना न पड़े। इसी क्रम में महिला व प्रसूति रोग विशेषज्ञ जो यहां अब तक नहीं थीं ,डॉक्टर शिल्पी आनंद के आ जाने से यह सुविधा भी इस अस्पताल में हो गई है। डॉक्टर साहिबा के आ जाने से आस पास के क्षेत्र के लोग आसानी से महिलाओं को अस्पताल में लाकर दिखा सकते हैं साथ ही साथ इस अस्पताल में जो सीजर की व्यवस्था नहीं थी वह व्यवस्था भी अब हो चुकी है। इसी क्रम में सात जनवरी 2026 दिन बुधवार को एक महिला ने सीजर ऑपरेशन के जरिए स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया जो हमारे अस्पताल में सीजर विधि से जन्म लेने वाली प्रथम बच्ची है। इन सब कार्यों में मेरा सहयोग करने के लिए मैं अपने अस्पताल के सभी सम्मानित डॉक्टर्स,नर्स और सभी कर्मियों का आभार प्रकट करता हूं।आगे भी इस अस्पताल को और भी सुविधाएं दिलवानें का मेरा प्रयास जारी रहेगा। आगे बात करते हुए अस्पताल के अधीक्षक ने बताया कि अस्पताल में आधुनिक मशीनों को चलाने के लिए बिजली के जर्जर केबल को बदलना पड़ेगा इसके लिए बिजली विभाग के अधिकारियों को कई बार सूचनाएं दी जा चुकी हैं परंतु बिजली की व्यवस्था अभी तक दुरुस्त नहीं हो पाया जिसके कारण काफी असुविधा होती है।



