आजमगढ़:मिशन शक्ति अभियान के अंतर्गत मेधावी छात्रा खुशी सिंह बनीं ‘एक दिन की जिलाधिकारी
जनता दर्शन में फरियादियों की शिकायतें सुनकर संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध एवं प्रभावी कार्रवाई के दिए निर्देश- सांकेतिक डीएम खुशी सिंह
आजमगढ़, 15 अक्टूबर:उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित महत्वाकांक्षी मिशन शक्ति अभियान के अंतर्गत बालिकाओं में नेतृत्व क्षमता, निर्णय लेने का कौशल, आत्मविश्वास तथा प्रशासनिक कार्यप्रणाली की समझ विकसित करने के उद्देश्य से गुरुवार को राजकीय बालिका इंटर कॉलेज, रैदोपुर, आजमगढ़ की कक्षा 11 की मेधावी छात्रा खुशी सिंह को ‘एक दिन की जिलाधिकारी’ बनने का सुअवसर अवसर प्रदान किया गया। इस अवसर पर छात्रा खुशी सिंह ने जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर सांकेतिक रूप से जिलाधिकारी का दायित्व संभाला तथा प्रशासनिक कार्यप्रणाली को करीब से समझा।प्रभारी जिलाधिकारी/मुख्य राजस्व अधिकारी संजीव ओझा ने छात्रा का मार्गदर्शन करते हुए उसे प्रशासनिक व्यवस्था, जनसमस्याओं के निस्तारण की प्रक्रिया, अधिकारियों की जिम्मेदारियों तथा जनहित में लिए जाने वाले निर्णयों के विभिन्न पहलुओं से अवगत कराया। इस पहल का उद्देश्य छात्राओं को प्रशासनिक दायित्वों का व्यावहारिक अनुभव प्रदान करना तथा उन्हें भविष्य में उच्च पदों पर पहुंचकर समाज और राष्ट्र की सेवा करने के लिए प्रेरित करना है।
जनता दर्शन में सुनीं फरियादियों की समस्याएं, अधिकारियों को दिए निर्देश
‘एक दिन की जिलाधिकारी’ के रूप में खुशी सिंह ने जनता दर्शन में आए फरियादियों की शिकायतों को गंभीरतापूर्वक सुना। उन्होंने प्राप्त प्रार्थना पत्रों का अवलोकन करते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को नियमानुसार एवं समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने जनसमस्याओं के समाधान में संवेदनशीलता, तत्परता और जवाबदेही के महत्व को भी समझा।जनता दर्शन में फरियादी शिवकुमार मौर्य द्वारा खरिहानी बाजार में संचालित कथित अवैध क्लिनिक के संबंध में शिकायत प्रस्तुत की गई। सांकेतिक जिलाधिकारी खुशी सिंह ने प्रार्थना पत्र को मुख्य चिकित्सा अधिकारी को संदर्भित करते हुए मामले में जांच कर नियमानुसार तत्काल आवश्यक वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।इसी प्रकार, नगर पालिका परिषद आजमगढ़ क्षेत्र से संबंधित एक अन्य फरियादी ने न्यायालय द्वारा स्थगन आदेश पारित किए जाने के बावजूद बैनामा किए जाने की शिकायत प्रस्तुत की। सांकेतिक जिलाधिकारी खुशी सिंह ने प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए मुख्य राजस्व अधिकारी को संदर्भित किया तथा नियमानुसार मामले का परीक्षण कर समुचित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।इसके अतिरिक्त, महिला सहित अन्य फरियादियों की शिकायतों को भी उन्होंने गंभीरतापूर्वक सुना। संबंधित अधिकारियों को शिकायतों पर निर्धारित समयसीमा के भीतर आवश्यक कार्रवाई करने तथा की गई कार्रवाई से अवगत कराने के निर्देश दिए। इस पूरी प्रक्रिया के माध्यम से छात्रा ने जनसुनवाई, शिकायतों के परीक्षण, प्रकरणों को संबंधित विभागों को संदर्भित करने तथा समयबद्ध निस्तारण की प्रशासनिक प्रक्रिया को समझा।
एक दिन की जिलाधिकारी’ बनने से बढ़ा आत्मविश्वास, आईएएस बनकर देश सेवा का लिया संकल्प
‘एक दिन की जिलाधिकारी’ बनने का अवसर प्राप्त होने पर खुशी सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सांकेतिक जिलाधिकारी के रूप में फरियादियों की समस्याओं को सुनने और उनके समाधान के लिए आवश्यक निर्देश देने का अनुभव उनके लिए अत्यंत प्रेरणादायक रहा। इससे उन्हें आत्मिक संतुष्टि मिली और भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों की कार्यप्रणाली, दायित्वों तथा जनसेवा में उनकी भूमिका को नजदीक से जानने और समझने का अवसर प्राप्त हुआ।खुशी सिंह ने कहा कि इस अनुभव से उनका आत्मविश्वास बढ़ा है। वह भविष्य में और अधिक मेहनत, धैर्य एवं लगन के साथ पढ़ाई करेंगी तथा एक दिन आईएएस परीक्षा उत्तीर्ण कर भारतीय प्रशासनिक सेवा में शामिल होकर समाज और देश की सेवा करने का प्रयास करेंगी।
मिशन शक्ति अभियान बालिकाओं को नेतृत्व एवं निर्णय क्षमता विकसित करने का दे रहा अवसर-संजीव ओझा
प्रभारी जिलाधिकारी/मुख्य राजस्व अधिकारी संजीव ओझा ने छात्रा खुशी सिंह के आत्मविश्वास, प्रशासनिक सोच, नेतृत्व क्षमता तथा जनसमस्याओं के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण की सराहना की। उन्होंने कहा कि मिशन शक्ति अभियान का उद्देश्य बालिकाओं और महिलाओं को सशक्त बनाना, उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा जीवन के विभिन्न क्षेत्रों में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना है।उन्होंने कहा कि छात्राओं को कम उम्र में ही इस प्रकार का व्यावहारिक मंच उपलब्ध कराने से उनमें निर्णय लेने की क्षमता, नेतृत्व कौशल और प्रशासनिक कार्यों के प्रति समझ विकसित होती है। ऐसे अनुभव बालिकाओं को भविष्य में उच्च प्रशासनिक पदों पर पहुंचकर जनसेवा करने तथा राष्ट्र निर्माण में सक्रिय योगदान देने के लिए प्रेरित करते हैं।उन्होंने कहा कि बालिकाओं में प्रतिभा और क्षमता की कोई कमी नहीं है। आवश्यकता है कि उन्हें उचित अवसर, मार्गदर्शन और प्रोत्साहन प्रदान किया जाए, ताकि वे अपनी योग्यता के बल पर जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में सफलता प्राप्त कर सकें।
अधिकारियों ने सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी के बताए महत्वपूर्ण पहलू
इस अवसर पर उपस्थित डिप्टी कलेक्टर अतुल आनंद, जिला सूचना अधिकारी डॉ. पंकज कुमार तथा जिला प्रोबेशन अधिकारी सुबोध कुमार सिंह ने छात्रा खुशी सिंह को सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी। अधिकारियों ने परीक्षा के पाठ्यक्रम, परीक्षा पैटर्न, तैयारी की रणनीति, अध्ययन में निरंतरता, समय प्रबंधन तथा सामान्य अध्ययन के विभिन्न पहलुओं से अवगत कराया। अधिकारियों ने छात्रा को लक्ष्य निर्धारित कर नियमित अध्ययन करने, समसामयिक घटनाओं से जुड़ने तथा धैर्य एवं अनुशासन के साथ तैयारी जारी रखने के लिए प्रेरित किया।मिशन शक्ति अभियान के अंतर्गत आयोजित यह पहल बालिकाओं में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और प्रशासनिक समझ विकसित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास रही। ‘एक दिन की जिलाधिकारी’ बनकर खुशी सिंह को न केवल प्रशासनिक कार्यप्रणाली को समझने का अवसर मिला, बल्कि उनके मन में भारतीय प्रशासनिक सेवा में शामिल होकर समाज और देश की सेवा करने के संकल्प को भी नई प्रेरणा मिली।



