विधानसभा सत्र: रेप विरोधी कानून लाएंगी ममता बनर्जी, जेडीयू ने पूछा, अब तक क्या कर रहे थे?
Assembly session: Mamata Banerjee to introduce anti-rape law, JDU asked, what were you doing so far

पटना: पश्चिम बंगाल में सोमवार से विधानसभा सत्र शुरू हो रहा है। विधानसभा में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी रेप विरोध कानून पेश करेंगी। इस बिल को लेकर बिहार से जेडीयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद का बयान भी सामने आया है। आईएएनएस से बात करते हुए राजीव रंजन ने कहा कि अब तक वह क्या कर रही थीं। ममता बनर्जी को सत्ता में रहते हुए एक दशक से ज्यादा समय हो गया है। वह 48 हजार से ज्यादा यौन उत्पीड़न के मामले लंबित हैं।केंद्र सरकार के बार-बार निर्देश के बाद भी वह पर्याप्त संख्या में पॉक्सो या फास्ट ट्रैक कोर्ट के लिए प्रयास नहीं किया गया। जिस तरह से कोलकाता की दिल दहलाने वाली घटना हुई है, उससे बंगाल पुलिस पूरी तरह से बेनकाब हो चुकी है। टीएमसी के अराजक तत्व पूरे राज्य में कानून और व्यवस्था की समस्या खड़ी कर रहे हैं। वर्तमान कानून में भी कठोर प्रावधान है, पुलिस अगर उसका इस्तेमाल करती, तो शायद स्थिति इतनी अनियंत्रित नहीं होती।राजीव रंजन ने कहा कि लोगों को ध्यान भटकाने के लिए बंगाल सरकार कानून बनाने की बात कर रही है, लेकिन जनता सब कुछ समझ रही है। इसीलिए पश्चिम बंगाल के हर इलाके में जन आंदोलन चल रहा है। इंडिया गठबंधन के साथी भी इस आंदोलन में शामिल हैं।बता दें कि आरजी कर मेडिकल कॉलेज में एक ट्रेनी महिला डॉक्टर के साथ रेप और हत्या की वारदात को अंजाम दिया गया। इस घटना के बाद से देशभर में डॉक्टरों ने विरोध प्रदर्शन किया। इस मामले की जांच सीबीआई कर रही है। बंगाल में इस मामले को लेकर विरोध प्रदर्शन चल रहा है।



