Azamgarh News: शनिदेव शक्तिपीठ पर स्वामित्व को लेकर विवाद, ट्रस्ट गठन पर दो पक्ष आमने-सामने, पुलिस ने संभाला मोर्चा

आजमगढ़ बलरामपुर/पटवध से बबलू राय

शनिदेव शक्तिपीठ पर स्वामित्व को लेकर विवाद, ट्रस्ट गठन पर दो पक्ष आमने-सामने, पुलिस ने संभाला मोर्चा

आजमगढ़ जनपद में सगड़ी तहसील क्षेत्र के हरैया ब्लॉक अंतर्गत बिलरियागंज थाना क्षेत्र के दान शनिचरा गांव स्थित प्रसिद्ध शनिदेव शक्तिपीठ पर शनिवार को मंदिर के स्वामित्व और ट्रस्ट गठन को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद सामने आ गया। विवाद बढ़ने पर मंदिर परिसर में हंगामे की स्थिति उत्पन्न हो गई, जिसके बाद पुलिस प्रशासन को मौके पर पहुंचकर स्थिति संभालनी पड़ी।

जानकारी के अनुसार, एक पक्ष के विंध्याचल मिश्रा मंदिर एवं उससे संबंधित भूमि पर अपना दावा करते हुए इसे निजी संपत्ति बता रहे हैं। उनका कहना है कि शनिदेव शक्तिपीठ उनकी आबादी की भूमि में स्थित है, इसलिए मंदिर पर उनका अधिकार है।

वहीं दूसरी ओर ग्राम प्रधान प्रतिनिधि जेपी मिश्रा, चंद्रहास मिश्रा तथा स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि शनिदेव शक्तिपीठ क्षेत्र का एक प्रमुख सार्वजनिक धार्मिक स्थल है, जहां दूर-दराज से बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन और पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में मंदिर को निजी संपत्ति बताना और उसका निजीकरण करने का प्रयास श्रद्धालुओं की आस्था के साथ खिलवाड़ है।

शनिवार को दोनों पक्षों के बीच इसी मुद्दे को लेकर कहासुनी शुरू हुई, जो धीरे-धीरे बढ़कर विवाद में बदल गई। मंदिर परिसर में तनावपूर्ण माहौल बन गया और काफी देर तक हंगामा चलता रहा। सूचना मिलने पर बिलरियागंज पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को समझाकर स्थिति को नियंत्रित किया।

प्रधान प्रतिनिधि जेपी मिश्रा ने कहा कि शनिदेव शक्तिपीठ पूरे क्षेत्र की आस्था का केंद्र है और इसका संचालन सार्वजनिक रूप से होना चाहिए। वहीं चंद्रहास मिश्रा ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर उचित निस्तारण की मांग की है।

दूसरे पक्ष के विंध्याचल मिश्रा का कहना है कि मंदिर उनकी निजी भूमि पर स्थित है, इसलिए उसके प्रबंधन और स्वामित्व पर उनका वैधानिक अधिकार है।

इस संबंध में बिलरियागंज थानाध्यक्ष अमित कुमार मिश्रा ने बताया कि फिलहाल मंदिर परिसर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस निगरानी बढ़ा दी गई है। पूरे मामले की जांच की जा रही है तथा रिपोर्ट के आधार पर उच्चाधिकारियों के निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

मंदिर के स्वामित्व और ट्रस्ट को लेकर शुरू हुआ यह विवाद अब क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। प्रशासन की जांच रिपोर्ट के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button