अल अजमी पब्लिक स्कूल मंगरावां:आधुनिक शिक्षा और दीनी व दुनियावी तालीम का बेहतरीन संगम, हजरत हमीदुल्लाह की सरपरस्ती में शिक्षा के क्षेत्र में बढ़ा रहा कदम
Al Ajmi Public School Mangrawan: A perfect blend of modern education and religious and worldly education, taking steps forward in the field of education under the patronage of Hazrat Hamidullah
आजमगढ़। जनपद आजमगढ़ के विकासखंड मोहम्मदपुर में मेंहनगर–बिंद्रा बाजार मार्ग स्थित मंगरावां रायपुर में संचालित अल अजमी पब्लिक स्कूल शिक्षा के क्षेत्र में अपनी एक अलग पहचान बनाता जा रहा है। इंग्लिश मीडियम तथा सीबीएसई बोर्ड से जुड़ा यह शिक्षण संस्थान बच्चों को बेहतर शिक्षा देने के साथ-साथ अंग्रेजी, हिंदी, अरबी और उर्दू जैसी भाषाओं की तालीम पर भी विशेष ध्यान दे रहा है। विद्यालय का उद्देश्य बच्चों को आधुनिक शिक्षा से जोड़ने के साथ-साथ उन्हें अपनी भाषा, संस्कृति और तहजीब से भी परिचित कराना है।अल अजमी पब्लिक स्कूल के फाउंडर हजरत हमीदुल्लाह की सोच और शिक्षा के प्रति उनकी लगन विद्यालय की प्रगति में अहम भूमिका निभा रही है। उनकी प्राथमिकता है कि क्षेत्र के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त करने के लिए बेहतर शैक्षिक वातावरण मिले और वे ज्ञान, संस्कार तथा आत्मविश्वास के साथ अपने भविष्य की ओर कदम बढ़ा सकें।
हजरत हमीदुल्लाह का मानना है कि शिक्षा केवल किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि बच्चों को भाषा, अदब, अखलाक और जीवन में आगे बढ़ने की सही दिशा भी मिलनी चाहिए। इसी सोच के तहत विद्यालय में सीबीएसई पाठ्यक्रम के साथ अंग्रेजी, हिंदी, अरबी और उर्दू भाषा की शिक्षा को भी महत्व दिया जाता है, ताकि बच्चे विभिन्न भाषाओं का ज्ञान हासिल कर सकें और आधुनिक दौर की चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार हों।विद्यालय के फाउंडर हजरत हमीदुल्लाह की यह पहल क्षेत्र में शिक्षा के प्रसार की दिशा में सराहनीय मानी जा रही है। ग्रामीण क्षेत्र में बच्चों को बेहतर शैक्षिक अवसर उपलब्ध कराने का प्रयास न केवल विद्यार्थियों के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि इससे अभिभावकों में भी शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ती है।स्थानीय लोगों के बीच भी अल अजमी पब्लिक स्कूल को लेकर सकारात्मक चर्चा हो रही है। क्षेत्र के लोगों का कहना है कि विद्यालय में अंग्रेजी माध्यम की पढ़ाई के साथ हिंदी, अरबी और उर्दू जैसी भाषाओं को महत्व देना एक अच्छी पहल है। लोगों ने हजरत हमीदुल्लाह के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में इस तरह की पहल से क्षेत्र के बच्चों को आगे बढ़ने का अवसर मिलता है।
अल अजमी पब्लिक स्कूल की खासियत इसकी बहुआयामी शैक्षिक सोच है, जिसमें आधुनिक शिक्षा के साथ भाषाई ज्ञान और संस्कारों को भी महत्व दिया जाता है। आज के दौर में अंग्रेजी और आधुनिक पाठ्यक्रम का ज्ञान आवश्यक है, वहीं अपनी मातृभाषा और अन्य भाषाओं की जानकारी भी बच्चों के व्यक्तित्व को समृद्ध बनाती है। विद्यालय इसी संतुलन को ध्यान में रखते हुए बच्चों की शैक्षिक नींव मजबूत करने की दिशा में प्रयासरत है।हजरत हमीदुल्लाह की दूरदर्शी सोच और शिक्षा के प्रति समर्पण विद्यालय को क्षेत्र में एक बेहतर शैक्षिक पहचान दिलाने की दिशा में प्रेरित कर रहे हैं। उनका यह प्रयास प्रशंसनीय है कि बच्चों को ऐसी तालीम मिले, जो उनके उज्ज्वल भविष्य के साथ-साथ उनके व्यक्तित्व निर्माण में भी सहायक हो।कुल मिलाकर, अल अजमी पब्लिक स्कूल मंगरावां रायपुर शिक्षा, भाषा और संस्कारों के समन्वय की दिशा में अपनी भूमिका निभा रहा है। उम्मीद है कि फाउंडर हजरत हमीदुल्लाह की मेहनत, लगन और सकारात्मक सोच से यह संस्थान आने वाले समय में शिक्षा के क्षेत्र में और बेहतर मुकाम हासिल करेगा तथा क्षेत्र के बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की राह आसान बनाने में योगदान देता रहेगा।



