आजमगढ़:गंभीरपुर तिराहे पर ठेले वालों का अतिक्रमण, पुलिस की कार्यशैली पर उठे सवाल
Azamgarh: Encroachment by cart vendors at Gambhirpur intersection, questions raised on the working style of the police
गंभीरपुर। आजमगढ़-जौनपुर मार्ग पर गंभीरपुर बाजार स्थित तिराहे पर इन दिनों ठेले वालों के अतिक्रमण से राहगीरों और स्थानीय दुकानदारों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। आरोप है कि फल के ठेले सड़क के दोनों तरफ लगाए जाने से मार्ग का लगभग आधा हिस्सा अतिक्रमण की चपेट में आ गया है। इससे तिराहे पर आवागमन प्रभावित होने के साथ ही हर समय दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि सड़क पर्याप्त चौड़ी होने के बावजूद तिराहे पर ठेले बेतरतीब ढंग से खड़े कर दिए जाते हैं। कई बार ठेले दुकानों के सामने तक लगा दिए जाते हैं। दुकानदारों द्वारा इसका विरोध करने पर विवाद की स्थिति उत्पन्न होने और एससी-एसटी एक्ट में फंसाने की धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है।स्थानीय लोगों के अनुसार, ठेले वालों द्वारा माइक लगाकर तेज आवाज में प्रचार किए जाने से भी बाजार में काफी शोरगुल रहता है। इससे दुकानदारों और राहगीरों को परेशानी होती है।बताया जाता है कि इस समस्या को लेकर स्थानीय दुकानदारों ने गंभीरपुर पुलिस चौकी पर मौखिक शिकायत के साथ लिखित शिकायत भी दी है। इसके बावजूद अब तक प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से दुकानदारों में आक्रोश है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि तिराहे पर पुलिस की तैनाती रहने के बावजूद अतिक्रमण के मामले में पुलिस की भूमिका महज मूकदर्शक जैसी बनी हुई है।स्थानीय दुकानदारों और राहगीरों ने पुलिस एवं प्रशासन से तिराहे से अतिक्रमण हटवाने, ठेलों को व्यवस्थित स्थान पर लगवाने तथा माइक से होने वाले तेज शोर पर रोक लगाने की मांग की है, ताकि यातायात सुचारु हो सके और दुर्घटनाओं की आशंका को कम किया जा सके।



