मैं आजमगढ़ का रहने वाला हूं, वीडियो अखिलेश को भेज देना-मूंछों पर ताव देकर बोले मैनपुरी CO सिटी, निष्पक्ष जांच पर अडिग रहे अधिकारी
I am from Azamgarh, please send the video to Akhilesh – said Mainpuri CO City, twirling his moustache, officers remained firm on a fair investigation.
मैनपुरी। हेल्पर सुभाष कुमार की गोली मारकर हत्या के मामले में पोस्टमार्टम हाउस पर मृतक के परिजनों और पुलिस के बीच हुए विवाद का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में मैनपुरी के CO सिटी अशोक कुमार सिंह पूरे आत्मविश्वास और बेबाक अंदाज में परिजनों से बातचीत करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में वह मूंछों पर ताव देते हुए यह कहते सुनाई दे रहे हैं-“मैं आजमगढ़ का रहने वाला हूं, जो करना है कर लो और वीडियो अखिलेश यादव को भेज दो।वीडियो सामने आने के बाद मामले ने राजनीतिक रूप ले लिया है, लेकिन CO सिटी ने अपने बयान को लेकर स्पष्ट किया है कि उनके शब्दों को संदर्भ से अलग करके पेश किया जा रहा है। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई को पूरी तरह निष्पक्ष बताते हुए कहा कि किसी राजनीतिक दबाव में कोई कार्रवाई नहीं की गई।
गोलीकांड में हेल्पर की मौत से मचा हड़कंप
कुर्रा थाना क्षेत्र के गांव जोराई निवासी कुलदीप कुमार अपने गांव के ही 22 वर्षीय सुभाष कुमार के साथ ट्रक लेकर रविवार शाम बेवर की ओर जा रहे थे। अघार गांव के पास ट्रक से बिजली की केबल टूटने के बाद चार-पांच बाइक सवार युवकों द्वारा ट्रक का पीछा कर संतोष नगर ठेके के सामने रोकने का आरोप है।कहासुनी के बाद हुई फायरिंग में एक गोली ट्रक के हेल्पर सुभाष कुमार के सिर में लगी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। दूसरी गोली ट्रक से टकराने के बाद चालक कुलदीप के हाथ में लगी। घायल चालक ट्रक को आगे ले गया, लेकिन करीब 500 मीटर बाद ट्रक अनियंत्रित होकर रुक गया। इस दौरान ट्रक में लदा सोलर प्लेट समेत अन्य सामान सड़क पर बिखर गया।
CCTV और घायल चालक की पहचान बनी पुलिस कार्रवाई का आधार
पुलिस के अनुसार, घटना के बाद आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली गई। घायल चालक की पहचान के आधार पर मोहित यादव को गिरफ्तार किया गया। पुलिस का दावा है कि घायल चालक ने मोहित यादव की पहचान मुख्य शूटर के रूप में की थी।हालांकि गांव के मौजूदा प्रधान ने पूर्व प्रधान के बेटे कन्हैया यादव और उसके साथियों पर ट्रक रोककर फायरिंग करने का आरोप लगाया। इसी को लेकर पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए गए।
पोस्टमार्टम हाउस पर बढ़ा विवाद
31 अगस्त को पोस्टमार्टम हाउस पर मृतक के परिजनों और पुलिस के बीच विवाद की स्थिति बन गई। परिजन कन्हैया यादव की गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे और गिरफ्तार किए गए मोहित यादव को छोड़ने की बात कह रहे थे।मौके पर पहुंचे CO सिटी अशोक कुमार सिंह ने स्थिति को समझाने और शांत कराने का प्रयास किया। इसी दौरान कुछ लोगों ने वीडियो बनाना शुरू कर दिया और उसे राजनीतिक नेताओं तक पहुंचाने की बात कही। इसी घटनाक्रम का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
‘दबाव में नहीं, सबूतों के आधार पर कार्रवाई’-CO सिटी
CO सिटी अशोक कुमार सिंह ने पूरे मामले में पुलिस की कार्रवाई का मजबूती से बचाव किया। उन्होंने कहा कि मोहित यादव की गिरफ्तारी CCTV फुटेज और घायल चालक की पहचान के आधार पर की गई थी।CO के मुताबिक, कन्हैया यादव को राजनीतिक दबाव और आपसी रंजिश के चलते मामले में फंसाने का प्रयास किया जा रहा था। उन्होंने बताया कि घटना के समय कन्हैया यादव की मौजूदगी घटनास्थल से करीब 30 किलोमीटर दूर मैनपुरी में होने के प्रमाण मिले थे। बाद में कन्हैया यादव को भी गिरफ्तार किया गया, लेकिन जांच में उसे हत्या का मुख्य आरोपी नहीं पाया गया।
वायरल वीडियो पर भी CO ने रखा अपना पक्ष
वायरल वीडियो पर CO सिटी ने कहा कि मौके पर उन्हें जाति विशेष से जोड़कर पुलिस अधिकारी और राजनीतिक व्यक्ति बताया जा रहा था। इसी दौरान कुछ लोगों ने वीडियो राजनीतिक नेताओं को भेजने की बात कही। उनका कहना है कि इसी संदर्भ में उनके द्वारा कही गई बात को काट-छांटकर और संदर्भ से अलग करके वायरल किया जा रहा है।CO सिटी ने साफ कहा कि पुलिस ने किसी राजनीतिक दबाव में कार्रवाई नहीं की। उनका जोर इस बात पर रहा कि जांच भावनाओं या दबाव के आधार पर नहीं, बल्कि उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर की गई है।
बेबाक अंदाज बना चर्चा का विषय
मामले की संवेदनशीलता के बीच CO सिटी अशोक कुमार सिंह का बेबाक अंदाज सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। जहां वायरल वीडियो को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं, वहीं CO का कहना है कि उनका उद्देश्य किसी राजनीतिक व्यक्ति को चुनौती देना नहीं, बल्कि पुलिस की निष्पक्ष कार्रवाई पर कायम रहना था।पूरे घटनाक्रम में सबसे अहम बात यही है कि हत्या जैसे गंभीर मामले में पुलिस ने CCTV फुटेज, प्रत्यक्ष पहचान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई का दावा किया है। CO सिटी ने भी किसी दबाव में आए बिना निष्पक्ष जांच जारी रखने की बात दोहराई है।



