मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग रोजगार योजना के अंतर्गत महिला एवम् पुरुष लाभार्थियों को स्वरोजगार सृजन का सुनहरा अवसर

[responsivevoice_button rate="1" pitch="1.0" volume="0.9" voice="Hindi Female" buttontext="Listen This News"]

रिपोर्टर अजीत कुमार सिंह बिट्टू जी ब्यूरो चीफ हिंद एकता टाइम्स

 

बलिया।जिला ग्रामोद्योग अधिकारी गौतम त्रिपाठी ने बताया है कि अपने ही गांव में स्वरोजगार स्थापना के उद्देश्य से उ०प्र० खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा स्थानीय बैंको के

 

माध्यम से संचालित राज्य सरकार की मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग रोजगार योजनान्तर्गत जनपद के ग्रामीण क्षेत्र में निवास करने वाले 18 से 50 वर्ष के महिला एवं पुरूष लाभार्थियों

 

हेतु स्वरोजगार सृजन का सुनहरा अवसर है। योजना के अन्तर्गत ग्रामीण क्षेत्र के निवासी बेरोजगारों को अपने ही गाँव में ग्रामोद्योग स्थापना के लिये स्थानीय बैंको से रूपये

 

10.00 लाख (दस लाख) तक प्रोजेक्ट सीमा के ऋण विभाग द्वारा उपलब्ध कराया जाता है। बैंक द्वारा लाभार्थी के पक्ष में स्वीकृत / वितरित पूँजीगत ऋण पर स्थापित /

 

कार्यरत इकाई के पक्ष में 05 वर्षों तक ब्याज की धनराशि विभाग द्वारा उपादान के रूप में दिया जाता है, सामान्य वर्ग के पुरूष लाभार्थियों को पूजीगत ऋण पर 4 प्रतिशत की

 

वार्षिक ब्याज दर से एवं आरक्षित वर्ग (महिला, अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक, भूतपूर्व सैनिक, दिव्यांग) के पक्ष में सम्पूर्ण

 

ब्याज की धनराशि ब्याज उपादान के रूप में विभाग द्वारा दिये जाने का प्राविधान है।

 

योजनान्तर्गत स्वरोजगार स्थापना हेतु इच्छुक लाभार्थियों द्वारा अपने ऋण आवेदन पत्र आवश्यक अभिलेखों सहित (निवास प्रमाण पत्र, शैक्षणिक प्रमाण पत्र, आधार कार्ड,

 

परियोजना, फोटो, अनापत्ति प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र) योजना की वेवसाइट www.upkvib.gov.in पर आनलाईन किया जा सकता है, ऑनलाईन प्रेषित आवेदन

 

पत्रों की एक प्रति जिला ग्रामोद्योग कार्यालय में जमा करना आवश्यक है। जिनके आवेदन पत्र स्कोरिंग के आधार पर सत्यापन करते हुए सम्बन्धित बैंक शाखाओं को आनलाईन

 

ऋण स्वीकृत / वितरण हेतु प्रेषित किया जायेगा।

Related Articles

Back to top button