Azamgarh News: आर्यमगढ़ में राष्ट्रीय चेतना का संचार, संघ की जन गोष्ठी में राष्ट्र निर्माण का हुआ आह्वान

आजमगढ़ बलरामपुर से बबलू राय
आर्यमगढ़ में राष्ट्रीय चेतना का संचार, संघ की जन गोष्ठी में राष्ट्र निर्माण का हुआ आह्वान
आर्यमगढ़ जनपद में राष्ट्र सेवा, सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक जागरण के संकल्प को सुदृढ़ करते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (गोरक्षप्रांत) द्वारा जिला आर्यमगढ़ में एक भव्य प्रमुख जन गोष्ठी का आयोजन 21 मार्च 2026, शनिवार को सायं 3:30 बजे हरिओध कला केन्द्र में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। इस गरिमामय आयोजन में समाज के विभिन्न वर्गों से आए सैकड़ों स्वयंसेवकों एवं नागरिकों की उत्साहपूर्ण सहभागिता ने कार्यक्रम को प्रेरणादायी बना दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ सह सरकार्यवाह आलोक कुमार जी के करकमलों द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। अपने ओजस्वी उद्बोधन में उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 वर्षों के गौरवशाली इतिहास, राष्ट्र निर्माण में उसके योगदान, तथा समाज सेवा के विविध आयामों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि संघ का कार्य किसी एक व्यक्ति या वर्ग का नहीं, बल्कि पूरे समाज के सहयोग और सामूहिक पुरुषार्थ का परिणाम है। यही कारण है कि आज संघ की प्रेरणा से समाज के प्रत्येक वर्ग में राष्ट्रीय चेतना का विस्तार हो रहा है।
उन्होंने उपस्थित जनसमूह से आह्वान किया कि वे अपने जीवन में राष्ट्र को सर्वोपरि रखते हुए समाज के उत्थान के लिए निरंतर कार्य करें। उनके विचारों ने उपस्थित जनों में देशभक्ति और सेवा भावना का नया संचार किया। उन्होंने पारिवारिक विघटन और पर्यावरण के साथ कुल पांच मुद्दों पर चर्चा किया।
इस अवसर पर प्रांत प्रचारक रमेश जी, सह प्रांत प्रचारक सुरजीत जी, प्रांत सेवा प्रमुख रविशंकर जी, सह विभाग संचालक राजेन्द्र जी, विभाग प्रचारक दीनानाथ जी, जिला प्रचारक रमाकांत जी, जिला संघ चालक कामेश्वर जी, सह जिला संघ चालक अजय अग्रवाल, विभाग कार्यवाह रवि प्रताप जी, जिला कार्यवाह अरुण पाल जी तथा सह जिला कार्यवाह तेज जी सहित अनेक दायित्ववान कार्यकर्ताओं की गरिमामयी उपस्थिति रही।
इसके अतिरिक्त अभय दत्त जी, सत्यविजय जी, घनश्याम राय जी, नगेंद्र सिंह जी, जनार्दन राय जी सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिकों ने भी अपनी सहभागिता दर्ज कर कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई।
रविवार को प्रातः डीएवी कॉलेज के मैदान में भी एक संक्षिप्त गोष्ठी का आयोजन किया गया, जिसमें स्वयंसेवकों के बीच संगठनात्मक विषयों एवं सामाजिक दायित्वों पर विस्तार से चर्चा की गई।
पूरे कार्यक्रम के दौरान समसामयिक एवं सामाजिक विषयों पर सार्थक संवाद हुआ। वक्ताओं ने समाज को संगठित कर राष्ट्रहित में कार्य करने की आवश्यकता पर बल दिया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्र सेवा के संकल्प के साथ हुआ, जिसमें सभी उपस्थित जनों से सामाजिक एकता, सेवा और राष्ट्रीय जागरण के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाने का आग्रह किया गया।
यह आयोजन न केवल संगठन की कार्यशैली का परिचायक रहा, बल्कि समाज में राष्ट्रभक्ति, एकता और सेवा के भाव को और अधिक प्रगाढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।



