Azamgarh News:जेएसवाई भुगतान में फिसड्डी पवई, अतरौलिया और फूलपुर को एक सप्ताह का अल्टीमेटम*

आजमगढ़ बलरामपुर /पटवध से बबलू राय
*जेएसवाई भुगतान में फिसड्डी पवई, अतरौलिया और फूलपुर को एक सप्ताह का अल्टीमेटम*
सीएमओ की सख्त चेतावनी, सुधार नहीं हुआ तो तय होगी जवाबदेही*
*जिलाधिकारी की समीक्षा से पहले लंबित भुगतान निपटाने के निर्देश*
आजमगढ़ 10 जुलाई 2026
तहबरपुर, मिर्जापुर, रानी की सराय, मेहनगर और कोइल्सा का बेहतर प्रदर्शन, उत्कृष्ट प्रभारियों को मिलेगा सम्मान
आजमगढ़। जननी सुरक्षा योजना (जेएसवाई) के तहत पात्र लाभार्थियों के भुगतान में लापरवाही अब भारी पड़ सकती है। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एन. आर. वर्मा ने योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए खराब प्रदर्शन वाले पवई, अतरौलिया और फूलपुर के चिकित्सा अधीक्षकों एवं प्रभारी चिकित्साधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर लंबित भुगतान निपटाने और प्रगति में सुधार लाने का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि निर्धारित समय में अपेक्षित सुधार नहीं होने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय करते हुए नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
मंत्रा पोर्टल पर उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार जनपद में कुल 8,700 प्रसव के सापेक्ष अब तक 6,706 लाभार्थियों को ही भुगतान किया गया है। इस प्रकार जिले की कुल भुगतान प्रगति 77 प्रतिशत है, जबकि अभी 1,994 लाभार्थियों का भुगतान लंबित है। सीएमओ ने इस स्थिति पर नाराजगी जताते हुए कहा कि पात्र माताओं को मिलने वाली आर्थिक सहायता में किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी।
समीक्षा में फूलपुर की स्थिति सबसे खराब मिली, जहां भुगतान की प्रगति महज 58 प्रतिशत रही। अतरौलिया में 67 प्रतिशत और पवई में 69 प्रतिशत लाभार्थियों को भुगतान किया गया है। सीएमओ ने तीनों इकाइयों के प्रभारियों को सात दिन के भीतर लंबित मामलों का तेजी से निस्तारण कर भुगतान की स्थिति में ठोस सुधार लाने के निर्देश दिए हैं।
डॉ. वर्मा ने स्पष्ट किया कि जिलाधिकारी द्वारा स्वास्थ्य योजनाओं की प्रगति की नियमित समीक्षा की जा रही है। ऐसे में अगली समीक्षा से पहले सभी संबंधित अधिकारी लंबित भुगतान का निस्तारण सुनिश्चित करें। खराब प्रगति पाए जाने पर संबंधित अधिकारी स्वयं जिम्मेदार होंगे और उनके विरुद्ध कार्रवाई के लिए संस्तुति की जाएगी।
वहीं, बेहतर प्रदर्शन करने वाले तहबरपुर ने 89 प्रतिशत भुगतान के साथ जिले में पहला स्थान हासिल किया है। मिर्जापुर 88 प्रतिशत के साथ दूसरे स्थान पर है, जबकि रानी की सराय और मेहनगर ने 87-87 प्रतिशत तथा कोइल्सा ने 86 प्रतिशत भुगतान सुनिश्चित किया है। सीएमओ ने इन इकाइयों के प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि उत्कृष्ट कार्य करने वाले चिकित्सा अधीक्षकों एवं प्रभारी चिकित्साधिकारियों को सम्मानित किया जाएगा।
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एन. आर. वर्मा ने कहा, “जननी सुरक्षा योजना का लाभ पात्र माताओं तक समय से पहुंचाना हमारी प्राथमिक जिम्मेदारी है। भुगतान में लापरवाही किसी भी दशा में स्वीकार नहीं होगी। सभी अधिकारी मिशन मोड में कार्य करते हुए लंबित भुगतान का तत्काल निस्तारण करें। जिलाधिकारी की समीक्षा में खराब प्रगति मिलने पर संबंधित की जवाबदेही तय होना निश्चित है।”
सीएमओ ने सभी चिकित्सा अधीक्षकों एवं प्रभारी चिकित्साधिकारियों को जिले की मौजूदा 77 प्रतिशत भुगतान प्रगति में तत्काल सुधार करते हुए शत-प्रतिशत पात्र लाभार्थियों का समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।



