गाजीपुर:जलालपुर धनी के पारंपरिक मेले में उमड़ा जनसैलाब, स्वर्गीय हरिनंदन गिरी की विरासत को ग्रामीणों ने रखा जीवंत
पुलिस की मुस्तैदी के बीच शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ मेला, दूर-दराज से पहुंचे दुकानदारों ने बढ़ाई रौनक
जखनिया (गाजीपुर)। भुड़कुड़ा कोतवाली क्षेत्र के जलालपुर धनी में हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी पारंपरिक मेले का भव्य आयोजन किया गया। मेले में आसपास के कई गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीण पहुंचे। बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों की भारी भीड़ से मेला परिसर पूरे दिन गुलजार रहा। दूर-दराज से आए दुकानदारों ने तरह-तरह की दुकानें सजाकर मेले की रौनक में चार चांद लगा दिए।
इस पारंपरिक मेले की शुरुआत जलालपुर धनी बाजार के संस्थापक स्वर्गीय हरिनंदन गिरी के प्रयासों से हुई थी। आज उनके निधन के बाद भी क्षेत्रवासी उनकी शुरू की गई परंपरा को पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ आगे बढ़ा रहे हैं। प्रतिवर्ष आयोजित होने वाला यह मेला न केवल उनकी स्मृतियों को जीवंत रखता है, बल्कि क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक एकता का भी प्रतीक बना हुआ है।
पुलिस की मुस्तैदी से कायम रही शांति व्यवस्था
मेले को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने में जलालपुर धनी चौकी प्रभारी शिवराज यादव, उपनिरीक्षक रणजीत सिंह तथा कांस्टेबल विकास कुमार, संदीप यादव, सूरज जायसवाल और शैलेंद्र यादव सहित पुलिसकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस टीम की सतर्कता और मुस्तैदी से आयोजन के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने में मदद मिली।
मेला कमेटी के सदस्यों की रही सक्रिय भागीदारी
इस अवसर पर बाजार अध्यक्ष राकेश उर्फ पप्पू गिरी, प्रदीप गिरी, शेषनाथ गिरी, राजकुमार वर्मा, बांसू यादव, गोविंद यादव, गुड्डू यादव, डब्बू सिंह, पंकज यादव, संस्कार गिरी, मन्नू गिरी, शिवम गिरी, सोनू गिरी, गोलू, प्रिंस गिरी, पवन यती, हंस गिरी, मयंक गिरी, दीपक गिरी, करणवीर गिरी और अनमोल गिरी सहित मेला कमेटी के बड़ी संख्या में सदस्य मौजूद रहे।
मेले के सफल आयोजन से पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल बना रहा। लोगों ने मेले में खरीदारी और मेल-मिलाप के साथ पारंपरिक आयोजन का आनंद लिया। इस आयोजन ने एक बार फिर क्षेत्र की पुरानी परंपराओं, आपसी भाईचारे और सामाजिक सद्भाव की भावना को मजबूत किया।



