हाई कोर्ट के आदेश पर घोसी तहसील के नदवा खास में अतिक्रमण पर चला बुलडोजर।
Mau / Mau. On Monday, in Nadwa Khas of Ghosi tehsil area, the tehsil administration took major action on the orders of the court and the encroachment on government land was removed with the help of a bulldozer. This action was taken in compliance with the order of the Allahabad High Court, which created a stir in the village. Gata number 588 of the village, area 0.166 hectare of land was encroached upon by Ram Vachan, son of Natha of the village by building a wall and illegally occupied the government land, while Ganesh son of Sadafal and Naresh son of Sadafal had enclosed the land by building a cattle shed.
मऊ/ मऊ।घोसी तहसील क्षेत्र के नदवा खास में सोमवार को कोर्ट के आदेश पर तहसील प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सरकारी जमीन पर किए गए अतिक्रमण को बुलडोजर से हटाया गया। यह कार्रवाई इलाहाबाद हाई कोर्ट के आदेश के अनुपालन में की गई, जिससे गांव में हड़कंप मच गया।
गाव के गाटा संख्या 588, रकबा 0.166 हेक्टेयर भूमि को अतिक्रमण गाव के राम वचन पुत्र नाथा ने दीवार खड़ी कर सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा कर रखा था, वहीं गणेश पुत्र सदाफल और नरेश पुत्र सदाफल ने पशु शेड बनाकर जमीन को घेर लिया था। जिसको लेकर बबलू यादव ने कोर्ट की शरण लिया। बबलू यादव वनाम यूपी सरकार मे कोर्ट ने जिलाधिकारी के साथ घोसी तहसील प्रशासन को सरकारी भूमि पर हैं अतिक्रमण को हटाने का आदेश जारी किया। इस आदेश के अनुपालन में तहसीलदार धर्मेंद्र पाण्डेय के नेतृत्व में नायब तहसीलदार गौरव सिंह, लेखपाल अरविंद पाण्डेय, विवेक कुमार सिंह सहित प्रशासनिक अमला और पुलिस टीम मौके पर पर जेसीबी लेकर मौके पर पहुँच कर अतिक्रमण को हटाने की कार्यवाही शुरू कर दिया। कुछ ही समय में सरकारी भूमि अतिक्रमण मुक्त हो गया।कार्रवाई के विषय में तहसीलदार धर्मेंद्र पाण्डेय ने कहा कि “यह कार्रवाई बबलू यादव बनाम उत्तर प्रदेश सरकार मामले में माननीय उच्च न्यायालय के आदेश पर की गई है। सरकारी भूमि पर कब्जा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। नदवा खास में की गई यह कार्रवाई एक चेतावनी है उन सभी लोगों के लिए जो सरकारी संपत्ति पर अवैध निर्माण या कब्जा करने की सोच रहे हैं। कानून से ऊपर कोई नहीं है।उन्होंने यह भी कहा कि तहसील प्रशासन लगातार ऐसे मामलों की निगरानी कर रहा है और किसी भी अतिक्रमण की सूचना पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।



