संतोष देशमुख हत्याकांड की निष्पक्ष जांच के लिए धनंजय मुंडे का इस्तीफा जरूरी : जितेंद्र आव्हाड

[ad_1]

मुंबई, 30 दिसंबर (आईएएनएस)। महाराष्ट्र के बीड जिले में सरपंच संतोष देशमुख की हत्या के मामले में सियासी बवाल जारी है। दावा किया जा रहा है कि हत्या में शामिल व्यक्ति कैबिनेट मंत्री धनंजय मुंडे का करीबी है। यही वजह है कि धनंजय मुंडे से इस्तीफे की मांग की जा रही है। विपक्षी दल के नेता इस मामले को लेकर आक्रामक हो गए हैं। सोमवार को एनसीपी शरद पवार गुट के नेता और विधायक जितेंद्र आव्हाड ने आईएएनएस से बात करते हुए मुंडे के इस्तीफे की मांग दोहराई।

जितेंद्र आव्हाड ने कहा कि हम धनंजय मुंडे के इस्तीफे की मांग इसलिए कर रहे हैं क्योंकि हत्या में शामिल आरोपी उनके करीबी हैं। अगर मंत्री का करीबी आरोपी हो और वह सत्ता के करीब हो, तो पुलिस पर दबाव बन सकता है, जिससे जांच पर असर पड़ेगा। यह जरूरी है कि जांच पूरी तरह से पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से हो। इस मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और इस वजह से ही हम इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।

उन्होंने नितेश राणे के बयान पर भी प्रतिक्रिया दी, जिसमें राणे ने केरल को लेकर कहा था कि वहां ज्यादा आतंकवादी रहते हैं और उसे एक टेरर राज्य घोषित किया जाना चाहिए। इस पर आव्हाड ने कहा कि नितेश राणे को यह समझना चाहिए कि भारत एक संघ राज्य है और केरल कोई अफगानिस्तान नहीं है, वह भारत का हिस्सा है। अगर केरल में आतंकवाद है, तो केंद्र सरकार से कहिए कि उसे टेरर राज्य घोषित कर दे।

उन्होंने कहा कि कश्मीर के बारे में कभी किसी ने ऐसा नहीं कहा, लेकिन अब केरल को लेकर यह बयान देना समझ से परे है। केरल में सबसे ज्यादा शिक्षा दर है और यह राज्य देश के लिए आर्थिक योगदान भी करता है। ऐसे राज्य को आतंकवादी राज्य कहना गलत है। भगवान न करे, अगर आप इस तरह की बातें करते रहेंगे तो यह देश के लिए अच्छा नहीं होगा।

–आईएएनएस

पीएसके/एकेजे

[ad_2]

Disclaimer : ऑटो फ़ीड्स द्वारा यह न्यूज़/समाचार स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। hindektatimes.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन इस न्यूज़/समाचार में नहीं किया गया है। इस न्यूज़/समाचार की एवं इसमें उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की हैद्य न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है।
इनपुट. आईएएनएस के साथ

Related Articles

Back to top button